बड़ी पीडीएफ फ़ाइलें ईमेल करना कठिन और अपलोड करना धीमा होता है। ज़्यादातर पीडीएफ एक ही कारण से बड़ी होती हैं, और वह जान लेने पर आप टेक्स्ट धुंधला किए बिना उन्हें छोटा कर सकते हैं।
पीडीएफ इतनी बड़ी क्यों हो जाती हैं
टेक्स्ट बहुत छोटा होता है। 20 पन्नों का टेक्स्ट दस्तावेज़ अक्सर 1 MB से काफ़ी कम होता है। असली आकार इमेज से आता है – स्कैन किए पन्ने, फ़ोटो और स्क्रीनशॉट – और एम्बेडेड फ़ॉन्ट से। 600 DPI का एक स्कैन हर पन्ने पर कई MB का हो सकता है, जो स्क्रीन या सामान्य प्रिंटर की ज़रूरत से कहीं ज़्यादा है।
चरण-दर-चरण
- देखें कि अंदर क्या है। पन्ने स्कैन हैं तो इमेज निशाना हैं। अगर यह एक्सपोर्ट किया हुआ टेक्स्ट है, तो आकार शायद ही समस्या हो।
- इमेज रेज़ोल्यूशन समझदारी से घटाएँ। स्क्रीन पर पढ़ने के लिए 150 DPI ठीक है। प्रिंट करना हो तो 200–300 DPI रखें।
- फ़ोटो पर ज़्यादा कंप्रेशन और टेक्स्ट वाले स्कैन पर हल्की सेटिंग रखें ताकि अक्षर साफ़ रहें।
- जो ज़रूरी नहीं उसे हटाएँ – अनावश्यक पन्ने, अटैचमेंट और अतिरिक्त मेटाडेटा।
- भेजने से पहले तुलना करें। 100% पर ज़ूम करके कुछ पंक्तियाँ और छोटे अक्षर पढ़ें। पढ़ना कठिन हो तो क्वालिटी थोड़ी बढ़ाएँ।
आकार के लिए त्वरित लक्ष्य
- ईमेल: 10 MB से कम सबसे सुरक्षित है; कई प्रदाता अटैचमेंट लगभग 20–25 MB तक सीमित रखते हैं।
- ऑनलाइन फ़ॉर्म: बताई गई सीमा देखें – कई में 1–2 MB माँगा जाता है।
- प्रिंटिंग: ऊँची क्वालिटी रखें; आकार कम मायने रखता है।
आम गलतियाँ
- एक ही फ़ाइल को बार-बार कंप्रेस करना, जिससे दिखने वाली गड़बड़ियाँ बढ़ती हैं। हमेशा मूल फ़ाइल से कंप्रेस करें।
- हस्ताक्षर या मुहर वाले दस्तावेज़ों पर सबसे छोटी सेटिंग चुनना।
- मूल प्रति सुरक्षित न रखना।